
रक्षा मंत्री एके एंटनी दक्षिण कोरिया के दो दिवसीय दौरे पर रवाना हुए। उम्मीद जताई जा रही है कि एक भारतीय सैन्य अधिकारी को वीजा देने से इनकार किए जाने पर चीन के साथ चल रही तकरार के बीच एंटनी के इस दौरे से पूर्वी एशियाई देश के साथ सैन्य समझौते मजबूत होंगे।भारतीय रक्षा मंत्री की यह पहली दक्षिण कोरिया यात्रा है। एंटनी को उनके समकक्ष किम ताए-यंग का आमंत्रण मिला था।अधिकारियों के अनुसार एंटनी के साथ रक्षा सचिव प्रदीप कुमार, रक्षा सलाहकार सुंदरम कृष्णा एवं थल तथा नौसेना के वरिष्ठ अधिकारी भी दौरे पर गए हैं।रक्षा मंत्रालय के एक प्रवक्ता ने कहा कि यह दौरा भारत की 'पूर्व पर्यवेक्षण नीति' का हिस्सा है। उन्होंने कहा कि दौरे का उद्देश्य दोनों देशों के बीच रक्षा मामलों में आपसी सहयोग को मजबूत करना है। उन्होंने बताया, "वार्ता के दौरान रक्षा से संबंधित कई मुद्दों पर चर्चा होने की संभावना है। इनमें मुख्य है सैन्य उपकारणों के निर्माण के लिए अनुसंधान एवं विकास में द्विपक्षीय सहयोग।"






