
नागपुर में पहले ट्वेंटी 20 मैच में श्रीलंका के हाथों 29 रन से पिटने के बाद टीम इंडियाके कैप्टन महेंद्र सिंह धोनी ने कहा कि पांच कैच छोड़ना बहुत महंगा पड़ गया। उन्होंने कहा कि खराब फील्डिंग के कारण भारत को 29 रन से शिकस्त मिली। धोनी ने मैच के बाद कहा, 'हमारी टीम फील्डिंग के लिहाज से बहुत अच्छी नहीं मानी जाती है। यह हमारे लिए चिंता की बात है। कम से कम पहले हम कैच तो नहीं छोड़ते थे।' भारतीय टीम ने मैच में श्रीलंका की तरफ से अच्छी पारियां खेलने वाले सनथ जयसूर्या, तिलकरत्ने दिलशान और चामरा कापुगेदारा को जीवनदान दिए। यहां तक कि अंतिम ओवर में कुमार संगकारा का कैच भी छोड़ा जो 37 गेंद पर 78 रन बनाकर मैन आफ द मैच बने। धोनी ने हालांकि स्वीकार किया कि उनकी टीम ट्वेंटी-20 के अनुकूल ढलने में असफल रही। उन्होंने कहा, 'हम अब तक ट्वेंटी-20 को वनडे मैचों की तैयारी के तौर पर लेते रहे हैं। इस बार हमें अभ्यास का कोई मौका नहीं मिला और हमारी टीम क्रिकेट के इस फॉर्मैट से तालमेल बिठाने में असफल रही।' धोनी ने कहा कि गौतम गंभीर (55 ) ने टीम को अच्छी शुरुआत दिलायी थी, लेकिन बाकी बल्लेबाज उसका फायदा नहीं उठा पाए। उन्होंने कहा, ' हम अच्छी शुरुआत का फायदा उठाने में नाकाम रहे। विकेट अच्छा था लेकिन हमारे बल्लेबाज क्रीज पर पांव नहीं जमा पाए।'






